BANK MANAGER J&K Target Killing: राहुल भट्ट, अमरीन भट्ट, रजनी बाला, विजय कुमार… 1 मई से अब तक घाटी में 8 टारगेट किलिंग

J&K Target Killing: जम्मू-कश्मीर में टारगेट किलिंग का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है. राजस्थान के रहने वाले एक बैंक मैनेजर विजय कुमार की जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में आतंकवादियों ने बैंक में घुसकर हत्या कर दी. उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई. उनकी उम्र महज 21 साल थी. जम्मू-कश्मीर में 1 मई से लेकर 2 जून तक 8 लोगों की टारगेट किलिंग हो चुकी है.

J&K Target Killing:  जम्मू-कश्मीर में टारगेट किलिंग का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है. राजस्थान के रहने वाले एक बैंक मैनेजर विजय कुमार की जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में आतंकवादियों ने बैंक में घुसकर हत्या कर दी. उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई. उनकी उम्र महज 21 साल थी. जम्मू-कश्मीर में 1 मई से लेकर 2 जून तक 8 लोगों की टारगेट किलिंग हो चुकी है.

J&K Target Killing:  जम्मू-कश्मीर में टारगेट किलिंग का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है. राजस्थान के रहने वाले एक बैंक मैनेजर विजय कुमार की जम्मू-कश्मीर के कुलगाम जिले में आतंकवादियों ने बैंक में घुसकर हत्या कर दी. उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई. उनकी उम्र महज 21 साल थी. जम्मू-कश्मीर में 1 मई से लेकर 2 जून तक 8 लोगों की टारगेट किलिंग हो चुकी है.

टारगेट किलिंग से घाटी में खौफ

घाटी में लगातार हो रही टारगेट किलिंग को लेकर विपक्ष जमकर मोदी सरकार को निशाना बना रहा है. कुलगाम में कश्मीरी पंडित टीचर की हत्या के दो दिन बाद आतंकियों ने विजय कुमार को मौत के घाट उतारा है. इससे पहले जम्मू में 31 मई को रजनी बाला (36) की आतंकियों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी. वह कुलगाम के गोपालपुरा जिले के एक स्कूल में टीचर थीं.

मई के महीने में आतंकवादियों ने 7 टारगेट किलिंग को अंजाम दिया था. सबसे पहले आतंकवादियों ने 12 मई को राहुल भट्ट नाम के  कश्मीरी पंडित की हत्या की थी. इसके बाद 25 मई को आर्टिस्ट अमरीन भट्ट को भी मौत के घाट उतार दिया था. इसके अलावा तीन ऑफ ड्यूटी पुलिसकर्मियों की भी आतंकियों ने हत्या कर दी थी.

इस साल कितने नागरिकों की आतंकियों ने की हत्या

इस साल अब तक 19 लोगों की आतंकियों ने हत्या की है. सबसे ज्यादा मार्च और मई के महीने में आतंकियों के हाथों निर्दोष लोग मारे गए हैं. फरवरी में एक शख्स की हत्या आतंकियों ने की थी. मार्च में 8 लोगों को दहशतगर्दों ने मौत के घाट उतार दिया था. अप्रैल में 2, मई में 7 और जून में अब तक 1 शख्स टारगेट किलिंग का शिकार हुआ है. दूसरी ओर एनकाउंटर में अब तक सुरक्षाबलों के हाथों 94 आतंकवादी मारे जा चुके हैं. जनवरी में 21, फरवरी में 7, मार्च में 13, अप्रैल में 26 और मई में 27 आतंकवादी मारे जा चुके हैं.

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